कांगड़ा,राहुल-:हिमाचल प्रदेश की बेटी और अंतरराष्ट्रीय कबड्डी खिलाड़ी पुष्पा राणा के लिए यह बड़ी उपलब्धि है। पुष्पा राणा को भारतीय महिला कबड्डी टीम की कप्तानी की जिम्मेदारी सौंपी गई है। कांगड़ा एयरपोर्ट पहुंचने पर उनका जोरदार स्वागत किया गया। कप्तानी मिलने के बाद पुष्पा राणा ने इसे अपने लिए गर्व का पल बताते हुए कहा कि यह जिम्मेदारी उनके लिए एक नई चुनौती भी है।पुष्पा राणा ने भारतीय महिला कबड्डी टीम की कप्तानी मिलने पर AKFI के पदाधिकारियों और सदस्यों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि भारतीय टीम से देश की करोड़ों लोगों की उम्मीदें जुड़ी हैं और उनका सबसे बड़ा लक्ष्य एशियन गेम्स में भारत के लिए स्वर्ण पदक जीतना है।उन्होंने बताया कि कप्तानी मिलने से उनके गृह क्षेत्र और परिवार में खुशी का माहौल है। पुष्पा के माता-पिता का सपना था कि उनकी बेटी एक दिन भारतीय टीम की कप्तान बने। अब यह सपना पूरा होने से परिवार बेहद खुश है।
पुष्पा राणा इससे पहले साउथ एशियन गेम्स,एशियन चैंपियनशिप, एशियन गेम्स और वर्ल्ड कप जैसे बड़े अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं।उन्होंने बताया कि टीम पिछले करीब पांच से छह महीने से लगातार कैंप में तैयारी कर रही है.खिलाड़ियों को सुबह फिटनेस,जबकि शाम के सत्र में स्किल, तकनीक और मैच के दबाव से निपटने की ट्रेनिंग दी जा रही है।पुष्पा के मुताबिक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ईरान और चीनी ताइपे जैसी टीमें मजबूत चुनौती पेश करती हैं।ऐसे में किसी भी प्रतिद्वंद्वी को कमजोर आंकना टीम की रणनीति का हिस्सा नहीं होगा। कोचिंग स्टाफ हर खिलाड़ी की कमियों और खूबियों पर काम कर रहा है। टीम पूरी मेहनत के साथ मैदान में उतरेगी और देश के लिए गोल्ड मेडल जीतने का प्रयास करेगी।
