हिसार-:हिसार में एक बड़ा राजनीतिक विवाद सामने आया है, जहां हरियाणा के पूर्व उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि उनकी गाड़ी को रोककर न केवल धमकाने की कोशिश की गई, बल्कि यह उनकी जान लेने की साजिश भी हो सकती है। इस संबंध में उन्होंने पुलिस अधीक्षक को लिखित शिकायत सौंपी है।
दुष्यंत के भाई और युवा जजपा नेता दिग्विजय चौटाला ने इस घटना को सुनियोजित हमला बताया। उनका आरोप है कि पुलिस या पुलिस के भेष में मौजूद व्यक्ति ने दुष्यंत की हत्या का प्रयास किया और यह सब बिना उच्च स्तर की जानकारी के संभव नहीं है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो प्रदेशभर में आंदोलन छेड़ा जाएगा।बताया जा रहा है कि यह घटना उस समय हुई जब दुष्यंत चौटाला हिसार में गुरु जम्भेश्वर विश्वविद्यालय से जुड़े विवाद और पार्टी नेताओं पर दर्ज मामलों के सिलसिले में आए थे। सिटी थाने में पुलिस द्वारा गिरफ्तारी से इनकार किए जाने के बाद वे एसपी कार्यालय की ओर जा रहे थे।इसी दौरान सब्जी मंडी पुल के पास उनके काफिले को एक पुलिस लाइट लगी गाड़ी ने रोक लिया। आरोप है कि गाड़ी से उतरे व्यक्ति ने हथियार दिखाया और बहस शुरू कर दी। स्थिति तब और तनावपूर्ण हो गई जब दुष्यंत चौटाला उस गाड़ी के पीछे दौड़े और कुछ समय के लिए उससे लटक गए। मौके पर भीड़ जमा होते ही संदिग्ध वाहन वहां से फरार हो गया।
घटना के बाद दुष्यंत चौटाला ने पुलिस अधीक्षक सिद्धांत जैन से मुलाकात कर कड़ी कार्रवाई की मांग की। एसपी ने आश्वासन दिया कि शिकायत और वीडियो के आधार पर जांच कर उचित कदम उठाए जाएंगे।दुष्यंत चौटाला ने राज्य में “जंगलराज” जैसे हालात होने का आरोप लगाया, जबकि दिग्विजय चौटाला ने इसे सरकार प्रायोजित साजिश करार दिया।इस पूरे घटनाक्रम के बाद हिसार की राजनीति में नया मोड़ आ गया है। जहां पहले विश्वविद्यालय विवाद चर्चा में था, वहीं अब पूरा फोकस इस कथित हमले पर आ गया है। आने वाले दिनों में यह मामला प्रदेश की राजनीति की दिशा तय कर सकता है।
