शिमला, संजु चौधरी ( TSN)– शुक्रवार को हिमाचल प्रदेश सचिवालय में मंत्रिमंडल की बैठक बुलाई गई थी. मगर इस दौरान सचिवालय के बाहर कुछ अलग की नज़ारा देखने को मिला. बड़ी संख्या में प्रदेश का शिक्षित युवा बेरोजगार सचिवालय के बाहर पहुंचा और प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. शिक्षित बेरोजगार संघ की कॉल पर प्रदेश भर के युवा सचिवालय पहुंचे थे और मुख्यमंत्री को 8 सूत्रीय मांग पत्र सौंपना था. मगर कैबिनेट बैठक से पहले युवाओं को मिलने का समय नहीं दिया गया. इसके बाद युवा बेरोजगार सचिवालय के बाहर सरकार और मुख्यमंत्री के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए नजर आए.
बेरोजगार युवाओं का सरकार पर आरोप है कि कैबिनेट से सृजित किए हुए पदों को लेकर न तो अधिसूचना जारी की गई और न ही भर्ती प्रक्रिया शुरू हुई है. इसके अलावा युवाओं का आरोप है कि प्रदेश में सुचारू रूप से होने वाली भर्तियों पर भी सरकार आउटसोर्स पर लोगों को भर्ती कर रही है जिसे युवाओं में विरोध है. ऐसे में सचिवालय के बाहर अपनी आवाज बुलंद करते हुए युवा प्रदेश सरकार से जल्द से जल्द भर्ती प्रक्रियाओं को शुरू करने की मांग कर रहे हैं.
बेरोजगार युवाओं की हैं आठ सूत्रीय मांग
प्रदेश सचिवालय के बाहर सरकार के खिलाफ रोष जता रहे युवाओं का कहना है कि वर्तमान प्रदेश सरकार ने एक लाख नौकरियों का वादा किया मगर अब तक प्रदेश में बेरोजगारों की स्थिति नहीं बदली है उन्होंने कहा की स्थिति यह हो गई है कि हिमाचल प्रदेश बेरोजगारी दर में देशभर में दूसरे नंबर पर पहुंच गया है. युवाओं की मांग है कि मंत्रिमंडल से सृजित पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाए. अधीनस्थ चयन बोर्ड को भंग करने के बाद स्थापित किए गए राज्य चयन आयोग से भर्ती प्रक्रिया को शुरू किया जाए. सुचारू रूप से आने वाली भर्तियों में लोगों को आउटसोर्स को न रखा जाए.
युवाओं का आरोप है कि रिटायर्ड अफसर को एक्सटेंशन दी जा रही है जिसके चलते काम में देरी हो रही है. ऐसे में रिटायर्ड और टायर्ड कर्मचारियों को एक्सटेंशन न दी जाए. युवाओं का आरोप है कि प्रदेश सरकार आर्थिक स्थिति की खराब आर्थिक स्थिति की बात कहती है. लेकिन प्रदेश में फ्रीबीज स्कीम चलाने और सरकार में अपने करीबी लोगों को जगह देने के लिए सरकार की आर्थिक स्थिति ठीक है. उन्होंने कहा कि आज वह मुख्यमंत्री को अपना आठ सूत्रीय मांग पत्र देने पहुंचे हैं इसके बाद आगे की रणनीति तय होगी उन्होंने कहा कि सरकार अगर उनकी बातें नहीं मानती है तो प्रदेश भर में आंदोलन होंगे.
