शिमला : कमल भारद्वाज ( TSN)- JOA-IT पोस्ट कोड 817 के परिणाम घोषित करने को लेकर कैबिनेट सब कमेटी ने हरी झंडी दे दी है।गुरुवार को उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक सब कमेटी की बैठक में यह बड़ा निर्णय लिया गया है। प्रदेश कर्मचारी चयन आयोग ने वर्ष 2020-21 में पोस्ट कोड 817 जेओए आईटी के तहत पदों के लिए आवेदन आमंत्रित किए थे। लेकिन पेपर लीक हो जाने के कारण यह भर्तियां अधर में लटक गई थी।
मामला आगामी कैबिनेट बैठक में रखा जाएगा
उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने पत्रकारों को जानकारी देते हुए कहा कि कैबिनेट उपसमिति पोस्ट कोड 817 के भर्ती परिणाम को घोषित करने के पक्ष में सब कमेटी ने निर्णय लिया है। पोस्ट कोड 817 का भर्ती परिणाम घोषित करने की सिफारिश कैबिनेट से की जाएगी। मामला आगामी कैबिनेट बैठक में रखा जाएगा। कैबिनेट इस पर अंतिम निर्णय लेगी। उन्होंने कहा कि बैठक में सभी पेंडिंग भर्तियों पर समीक्षा की गई।उन्होंने कहा कि 817 पोस्ट कोड की बड़ी परीक्षा थी 1866 पड़ है जिस पर भर्ती होनी है।इसमें कोर्ट के भी समय समय पर निर्णय आये तथा विजिलेन्स सहित सभी सम्बंधित विभागों की राय ली गई।जिसके अनुसार सब कमेटी ने पाया कि कि सात ऐसे लोग हैं जिनके ऊपर FIR हुई है।पांच सदस्यीय सब कमेटी ने निर्णय लिया है कि सात पड़ खाली रख कर बाकी शेष पर भर्तियां की जाए।उन्होंने कहा कि सब कमेटी कैबिनेट को 817 पोस्ट कोड पर भर्ती की सिफारिश करेगी और रिपोर्ट सौंपेगी।कैबिनेट इस विषय पर अंतिम फैसला लेगी। कैबिनेट उपसमिति की बैठक में मंत्री हर्षवर्धन चौहान ,यादविंद्र गोमा व विक्रमादित्य सिंह भी मौजूद रहे।
गौरतलब है कि भंग किए जा चुके प्रदेश कर्मचारी चयन आयोग ने वर्ष 2020-21 में पोस्ट कोड 817 जेओए आईटी के तहत पदों के लिए आवेदन आमंत्रित किए थे। 1.07 लाख अभ्यर्थियों ने इन पदों के लिए आवेदन किया था। इसके बाद 21 मार्च 2021 को लिखित परीक्षा, 15 जुलाई से लेकर 2 मार्च 2022 तक टाइपिंग टेस्ट का आयोजन किया। 4,332 अभ्यर्थियों को 15 अंकों की मूल्यांकन परीक्षा के लिए चयनित किया गया। 1 अगस्त से 31 अगस्त 2022 तक चयन आयोग के कार्यालय में मूल्यांकन परीक्षा का आयोजन किया गया। करीब 1800 अभ्यर्थियों ने मूल्यांकन परीक्षा पास की। लेकिन पेपर लीक मामले में जांच व अन्य कारणों अभी तक भर्ती परीक्षा का अंतिम परीक्षा परिणाम घोषित नहीं हुआ है।कैबिनेट सब कमेटी ने 817 को मंजूरी दे दी है अब देखना यह है कि कैबिनेट से इसे कब हरी झंडी मिलेगी।
