Nurpur,Sanjeev-:विधानसभा फतेहपुर क्षेत्र में युवाओं में बढ़ते तंबाकू सेवन और स्वास्थ्य पर पड़ रहे इसके गंभीर दुष्प्रभावों को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने अब कड़ी कार्रवाई का निर्णय लिया है।विभाग ने साफ कर दिया है कि खुली सिगरेट और बीड़ी की बिक्री पूरी तरह अवैध है तथा बिना लाइसेंस तंबाकू बेचने वालों पर तुरंत सख्त कार्रवाई की जाएगी। क्षेत्र में तंबाकू उत्पादों की अवैध सप्लाई पर रोक लगाने के लिए विशेष अभियान शुरू किया जा रहा है।
फतेहपुर की खण्ड चिकित्सा अधिकारी डॉ. ऋचा मेहरोत्रा ने बताया कि हिमाचल प्रदेश में खुली सिगरेट–बीड़ी बेचना प्रतिबंधित है।नियमों का उल्लंघन करने पर पहली बार 10,000 रुपये और दूसरी बार 15,000 रुपये तक का जुर्माना लगाया जाएगा। बिना लाइसेंस तंबाकू बेचने वालों पर 50,000 रुपये तक जुर्माना या तीन माह कारावास,जबकि पुनरावृत्ति होने पर 2 लाख रुपये जुर्माना और एक वर्ष तक की कैद का प्रावधान है।उन्होंने कहा कि कानून सख्त है और अब विभाग इसे कड़ाई से लागू करने जा रहा है।डॉ. मेहरोत्रा ने यह भी स्पष्ट किया कि स्कूलों से 100 मीटर की परिधि में किसी भी प्रकार के तंबाकू उत्पादों की बिक्री पूरी तरह गैरकानूनी है।इस सीमा से बाहर बिक्री करने वाले व्यक्तियों के पास वैध लाइसेंस होना अनिवार्य है। दुकानों पर चेतावनी बोर्ड लगाना भी जरूरी है,साथ ही 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों को तंबाकू बेचना दंडनीय अपराध है।उन्होंने दुकानदारों और स्थानीय लोगों से इस नियम का कड़ाई से पालन करवाने में सहयोग की अपील की।
तंबाकू विक्रेताओं के लिए पंजीकरण अनिवार्य कर दिया गया है।ग्रामीण क्षेत्रों में पंजीकरण पंचायत सचिवों द्वारा और शहरी क्षेत्रों में नगर परिषद/नगर पंचायत कार्यालयों के माध्यम से किया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि समुदाय के सहयोग से ही फतेहपुर को तंबाकू मुक्त क्षेत्र बनाया जा सकता है और इसके लिए जागरूकता व कड़ाई दोनों आवश्यक हैं।
