बिलासपुर : सुभाष ठाकुर ( TSN)-साइबर टाउन विकसित करने के लिए जमीन की तलाश की जा रही है। यह बात तकनीकि शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी ने कही। उन्होंने कहा प्रदेश में साईबर टाउन विकसित करने की दिशा में भी सरकार योजनावद्ध ढंग से आगे बढ़ रही है। इसके लिए चुनिंदा जगहों पर उपयुक्त जमीन की तलाश चल रही है। बिलासपुर जिला के स्वारघाट व कोटधार क्षेत्र में 500 से 1000 बीघा तक जमीन देखी जा रही है।
शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी ने कहा कि फोरलेन से कनेक्ट होने व किरतपुर रेलवे लाईन के साथ ही चंडीगढ़ एयरपोर्ट नजदीक होने को ध्यान में रखते हुए स्वारघाट व कोटधार क्षेत्र में साईबर टाउन विकसित करने की योजना तैयार की है,क्योंकि यह दोनों ही क्षेत्र समर व विंटर सीजन के लिहाज से बेहतर हैं। अभी तक 40 बीघा जमीन ही मिल पाई है। ऐसे में जमीन की तलाश जारी है। उन्होंने इस पर जोर दिया कि राज्य में आईटी इंडस्ट्री विकसित करने की जरूरत है क्योंकि 26.50 लाख करोड़ का सॉफ्टवेयर निर्यात होता है जिसमें हिमाचल का कंट्रीब्यूशन महज 13 परसेंट है। ऐसे में आईटी इंडस्ट्रीज को डिवेल्प करने की दिशा में काम हो रहा है। इसलिए सॉफ्टवेयर सेक्टर के साथ ही एक ईको सिस्टम तैयार करेंगे।उन्होंने बताया कि सैटेलाईट टाउन को लेकर हिमुडा प्लानिंग तैयार कर रहा है। जगह जगह ऐसे टाउन विकसित किए जाएं जहां लोगों को सभी जरूरी सहूलियतें उपलब्ध हो सकें। क्योंकि किसी भी राज्य में सैटेलाईट टाउन एक ग्रोथ इंजन की तरह काम करते हैं। लोग भी अच्छी आवासीय कालोनी में रहना पसंद करते हैं इसलिए पार्क, पार्किंग, सीवरेज, पानी, बिजली और सड़क के साथ ही प्लेग्राउंड इत्यादि सुविधाएं विकसित कर जनता को एक बेहतर व्यवस्था उपलब्ध करवाई जाएगी। टाउन के पास एक बेहतर शिक्षा व स्वास्थ्य सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी। पूरी कार्ययोजना के साथ ही टाउन विकास की योजना को लागू किया जाएगा। इस दिशा में तेज गति से काम किया जा रहा है।
