भावना,अंबाला(TSN): पंजाब में लगातार जलाई जा रही पराली के कारण साथ लगते प्रदेश हरियाणा में प्रदूषण बढ़ रहा हैं हालांकि हरियाणा में प्रशासन की ओर से किसानों को जागरूक करने पर अंबाला में काफी हद तक किसानों ने पराली जलानी कम कर दी हैं,लेकिन पंजाब के बिल्कुल साथ होने के कारण यहां पर प्रदूषण बढ़ रहा है जिस कारण अंबाला के अस्पतालों में सांस व एलर्जी के पेशेंट बढ़ गए हैं। अंबाला के उप-सिविल सर्जन संजीव सिंगला ने बताया कि प्रदूषण की वजह से लोगों को सांस लेने में तकलीफ़ हो रही हैं तो वहीं एलर्जी भी बढ़ गई हैं। इन शिकायतों से जुड़े मामले काफ़ी ज्यादा देखने को मिल रहे हैं। हालांकि उन्होंने लोगों को इससे बचाव के भी उपाय बताए।
बढ़ता प्रदूषण जहां सरकार के लिए समस्या बना हुआ हैं। वहीं लोगों के लिए भी मुसीबत बना हुआ हैं। प्रदूषण के कारण हरियाणा के जिलों में स्कूलों की छुट्टी भी कर दी गई हैं। बढ़ते इस प्रदूषण की वजह पड़ोसी राज्य पंजाब में ज्यादातर जलाई जा रही पराली हैं जिस कारण अंबाला के अस्पतालों में एलर्जी व सांस के पेशेंट आ रहे हैं। इन मरीजों में भी ज्यादातर पंजाब से हैं।
अंबाला के डिप्टी सी एम ओ डॉक्टर संजीव सिंगला का कहना है अंबाला में इस समय एलर्जी व सांस के पेशेंट बढ़ रहे है जिसका मुख्य कारण बढ़ता प्रदूषण हैं। उन्होंने बताया कि ज्यादातर प्रदूषण पंजाब में जलाई जा रही पराली से है क्योंकि अंबाला पंजाब के साथ लगता है इसलिए वहां पर जलाई जा रही पराली का असर यहां देखने को मिल रहा हैं। उन्होंने कहा कि अभी भी अंबाला के स्थिति ठीक हैं,ज्यादा ख़राब नहीं हैं। उन्होंने बताया कि यहां के अस्पतालों में भी पंजाब से पेशेंट आ रहे है जिन्हे सांस की या एलर्जी की तकलीफ हैं। उन्होंने बताया कि ये प्रदूषण बरसात होने के बाद ठीक हो जाएगा। उन्होंने बताया कि वे लोगो से भी अपील करते ही कि ज्यादा से ज्यादा मास्क पहने जिससे प्रदूषण से बचा जा सके।
आम लोगों की अगर बात करें तो उनका भी यह मानना है कि इस समय प्रशासन की ओर से जो किसानों को जागरूक किया जा रहा है उससे यहां पर कम पराली जलाई जा रही हैं,लेकिन पंजाब के कारण यहां पर लगातार प्रदूषण बढ़ रहा हैं। लोगों का कहना है कि बढ़ते प्रदूषण के कारण सांस लेना भी मुश्किल हो रहा है साथ ही एलर्जी भी हो रही हैं।
