हमीरपुर,अरविंद-: नीट पेपर लीक मामले को लेकर कांग्रेस पार्टी ने मंगलवार को प्रदेशभर में विरोध-प्रदर्शन आयोजित किए।इसी कड़ी में हमीरपुर के गांधी चौक पर जिला कांग्रेस कमेटी ने धरना-प्रदर्शन कर केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि लगातार सामने आ रहे पेपर लीक मामलों ने देश के युवाओं के भविष्य को संकट में डाल दिया है और केंद्र सरकार इस गंभीर मुद्दे पर प्रभावी कार्रवाई करने में विफल रही है।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने नीट परीक्षा में कथित अनियमितताओं और पेपर लीक प्रकरण की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई। साथ ही मामले में शामिल सभी दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की गई। कांग्रेस ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर भी सवाल उठाते हुए उनके इस्तीफे की मांग की। पार्टी नेताओं का कहना था कि शिक्षा व्यवस्था में लगातार हो रही गड़बड़ियों की नैतिक जिम्मेदारी शिक्षा मंत्री को लेनी चाहिए।धरना-प्रदर्शन के बाद जिला कांग्रेस कमेटी ने उपायुक्त के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा। ज्ञापन में नीट पेपर लीक प्रकरण की निष्पक्ष एवं पारदर्शी जांच सुनिश्चित करने तथा दोषियों को सख्त सजा देने की मांग की गई। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि देशभर के लाखों छात्रों और अभिभावकों का विश्वास परीक्षा प्रणाली पर टिका होता है, लेकिन बार-बार सामने आ रहे ऐसे मामले इस विश्वास को कमजोर कर रहे हैं।
कार्यक्रम में जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुमन भारती शर्मा, हिमाचल कृषि विपणन बोर्ड के चेयरमैन कुलदीप पठानिया, पूर्व विधायक अनिता वर्मा, वरिष्ठ कांग्रेस नेता डॉ. पुष्पिंदर वर्मा, जिला एससी कांग्रेस सेल के अध्यक्ष होशियार सिंह सहित विभिन्न ब्लॉक कांग्रेस इकाइयों के पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुमन भारती शर्मा ने कहा कि देश में लगातार हो रहे पेपर लीक मामलों ने युवाओं के बीच निराशा का माहौल पैदा कर दिया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी युवाओं के हितों की रक्षा के लिए संघर्ष कर रही है और इसी उद्देश्य से प्रदेशभर में धरने आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति को भेजे गए ज्ञापन के माध्यम से पार्टी ने अपनी मांगों को प्रमुखता से उठाया है।
वहीं, वरिष्ठ कांग्रेस नेता डॉ. पुष्पिंदर वर्मा ने कहा कि देश के युवा स्वयं पेपर लीक जैसे मामलों को उजागर कर रहे हैं और सरकार की विफलताओं को सामने ला रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह केवल किसी राजनीतिक दल का मुद्दा नहीं रह गया है, बल्कि लाखों छात्रों की चिंता का विषय बन चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि नीट पेपर लीक जैसी घटनाएं देश की शिक्षा व्यवस्था की साख को नुकसान पहुंचा रही हैं। डॉ. वर्मा ने कहा कि लगातार सामने आ रहे ऐसे मामलों के कारण कई छात्र मानसिक तनाव का सामना कर रहे हैं, जिसके गंभीर सामाजिक प्रभाव भी देखने को मिल रहे हैं।पूर्व विधायक एवं पूर्व महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष अनिता वर्मा ने कहा कि शिक्षा क्षेत्र में पारदर्शिता बनाए रखना सरकार की जिम्मेदारी है। उन्होंने आरोप लगाया कि केवल नीट ही नहीं, बल्कि अन्य शैक्षणिक प्रक्रियाओं को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। उन्होंने कहा कि यदि परीक्षा संचालन के लिए अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था की आवश्यकता पड़ रही है तो यह व्यवस्था की कमजोरियों को दर्शाता है।उन्होंने कहा कि पहले ऐसी परिस्थितियों में जवाबदेही तय होती थी, लेकिन वर्तमान में ऐसा देखने को नहीं मिल रहा, जो चिंताजनक है।
