नाहन : सतीश शर्मा ( TSN)- प्रदेश में बिजली बोर्ड से सेवानिवृत हुए कर्मचारी लगातार सरकार और बिजली बोर्ड प्रबंधन से नाराज चल रहे हैं। बिजली बोर्ड से सेवानिवृत हुए कर्मचारियों ने सरकार और बिजली बोर्ड पर अनदेखी के आरोप लगाए हैं। जिला मुख्यालय नाहन में बिजली बोर्ड पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन की बैठक आयोजित हुई जिसमें पेंशनरों से जुड़ी कई समस्याओं पर चर्चा की गई।
संगठन के महासचिव कमलेश पुंडीर ने बताया कि सरकार और बोर्ड द्वारा सेवानिवृत कर्मचारियों के साथ किए जा रहे सौतेले व्यवहार पर मंथन हुआ। उन्होंने कहा कि वर्ष 2022 में सरकार ने बोर्ड बोर्ड से सेवानिवृत कर्मचारियों को 1-1-16 से लंबित एरिया का भुगतान करने के आदेश दिए थे मगर बोर्ड ने अभी तक सेवानिवृत कर्मचारियों को यह लाभ नहीं दिया है। जबकि अन्य विभागों से सेवानिवृत हुए कर्मचारियों को यह लाभ मिल चुका है।
स्मार्ट मीटर का प्रति उपभोक्ता से 10 हजार मीटर के एवरेज में वसूला जाएगा
कमलेश पुंडीर ने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार ने OPS लागू कर दी है मगर वर्ष 2003 के बाद बिजली बोर्ड से सेवानिवृत हुए कर्मचारियों को OPS से भी बाहर रखा गया है जोकि बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। सेवानिवृत कर्मचारियों ने यह भी आरोप लगाया कि बिजली बोर्ड ने प्रदेश के करीब 26 लाख उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त बोझ डालते हुए 26 लाख स्मार्ट मीटर खरीदे हैं जिसका पैसा उपभोक्ता से वसूला जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रति उपभोक्ता से 10 हजार मीटर के एवरेज में वसूला जाएगा जो बेहद निंदनीय फैसला है। उन्होंने कहा कि आज ₹500 के मीटर में जब बिजली बोर्ड का काम चल रहा था तो स्मार्ट मीटर खरीदने की क्या आवश्यकता थी जबकि बोर्ड की वित्तीय स्थिति बिल्कुल भी ठीक नहीं है।
